Neemuch Drug Case में 1 बड़ी सफलता, 42 किलो अवैध डोडाचूरा जब्त, राजस्थान का तस्कर पुलिस की गिरफ्त में

Neemuch Drug Case
नीमच (The Times of MP)। मध्यप्रदेश के नीमच जिले में मादक पदार्थ तस्करों के खिलाफ जारी “जीरो टॉलरेंस” की नीति के तहत पुलिस को एक और बड़ी कामयाबी मिली है। प्रदेश व्यापी नशा विरोधी अभियान के तहत सरवानिया महाराज पुलिस ने इस Neemuch Drug Case में कार्रवाई करते हुए भारी मात्रा में अवैध डोडाचूरा बरामद किया है। इस ऑपरेशन में पुलिस ने न केवल 42 किलोग्राम मादक पदार्थ जब्त किया, बल्कि तस्करी में इस्तेमाल हो रही एक स्विफ्ट कार सहित राजस्थान के एक आरोपी को गिरफ्तार करने में भी सफलता प्राप्त की है।
पुलिस मुख्यालय के निर्देशों पर बड़ी कार्रवाई
पुलिस मुख्यालय भोपाल द्वारा अवैध नशे के कारोबार को जड़ से मिटाने के लिए चलाए जा रहे अभियान के तहत नीमच पुलिस अधीक्षक श्री अंकित जायसवाल ने सभी थाना क्षेत्रों को अलर्ट पर रखा है। इसी क्रम में अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक श्री नवल सिंह सिसोदिया और एसडीओपी जावद श्री रोहित राठौर के मार्गदर्शन में जावद थाना प्रभारी निरीक्षक जितेंद्र कुमार वर्मा और उनकी टीम ने इस Neemuch Drug Case को सफलतापूर्वक अंजाम दिया। पुलिस को सूचना मिली थी कि एक तस्कर स्विफ्ट कार के जरिए नशे की बड़ी खेप खपाने की फिराक में है।
घेराबंदी और आरोपी की गिरफ्तारी
घटनाक्रम के अनुसार, 14 जनवरी 2026 को पुलिस चौकी सरवानिया महाराज को मुखबिर से सटीक सूचना प्राप्त हुई। सूचना की तस्दीक के लिए पुलिस टीम ने तत्काल लासुर-बागरेड रोड स्थित गुलानिया भेरूबावजी के पास नाकाबंदी की। इसी दौरान लासुर की तरफ से आ रही एक सफेद रंग की स्विफ्ट कार (पंजीयन क्रमांक RJ-06/CC-6182) को संदेह के आधार पर रोका गया।
कार चालक ने पुलिस को देखकर भागने का प्रयास किया, लेकिन मुस्तैद जवानों ने उसे चारों तरफ से घेर लिया। जब वाहन की तलाशी ली गई, तो उसके भीतर से दो काले रंग के बड़े प्लास्टिक के कट्टे बरामद हुए। इन कट्टों को खोलने पर उसमें कुल 42 किलोग्राम अवैध मादक पदार्थ डोडाचूरा पाया गया। इस Neemuch Drug Case में जब्त डोडाचूरा की अनुमानित कीमत करीब 1,68,000/- रुपये आंकी गई है। पुलिस ने तत्काल मादक पदार्थ और तस्करी में प्रयुक्त कार को अपने कब्जे में ले लिया।
राजस्थान का शातिर तस्कर चढ़ा हत्थे
कार्रवाई के दौरान गिरफ्तार किए गए आरोपी की पहचान शिवराज पिता घीसालाल गुर्जर, उम्र 35 वर्ष, निवासी रूपपुरा, थाना फुलियाकला, जिला भीलवाड़ा (राजस्थान) के रूप में हुई है। पूछताछ में आरोपी ने स्वीकार किया कि वह मादक पदार्थ की यह खेप तस्करी के उद्देश्य से ले जा रहा था। पुलिस ने आरोपी शिवराज के विरुद्ध एनडीपीएस एक्ट की विभिन्न धाराओं के तहत मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। इस Neemuch Drug Case के माध्यम से अब पुलिस उन कड़ियों को जोड़ने की कोशिश कर रही है, जहां से यह माल सप्लाई किया गया था।
तस्करी के नेटवर्क को ध्वस्त करने की तैयारी नीमच जिला, जो अपनी भौगोलिक स्थिति के कारण राजस्थान सीमा से सटा हुआ है, वहां तस्कर अक्सर छोटी सड़कों का सहारा लेते हैं। लेकिन इस Neemuch Drug Case ने स्पष्ट कर दिया है कि पुलिस की नजर अब हर गुप्त रास्ते पर है। एसपी अंकित जायसवाल ने टीम की सराहना करते हुए कहा कि नशे के खिलाफ यह प्रहार आगे भी जारी रहेगा। पुलिस अब आरोपी का रिमांड लेकर यह पता लगाएगी कि इस अंतरराज्यीय तस्करी नेटवर्क में और कौन-कौन लोग शामिल हैं।
जावद पुलिस की सक्रियता से तस्करों में खौफ क्षेत्र में लगातार हो रही पुलिसिया कार्रवाई से अवैध धंधों में लिप्त अपराधियों के हौसले पस्त हो गए हैं। इस Neemuch Drug Case की सफलता में सरवानिया महाराज चौकी के जवानों की महत्वपूर्ण भूमिका रही, जिन्होंने रात के समय मुस्तैदी दिखाते हुए तस्कर को भागने का मौका नहीं दिया। जिले में नशा मुक्ति के इस अभियान को आम जनता का भी भरपूर समर्थन मिल रहा है। पुलिस प्रशासन ने जनता से अपील की है कि यदि कहीं भी संदिग्ध गतिविधि दिखे, तो तुरंत सूचित करें ताकि Neemuch Drug Case जैसी और भी प्रभावी कार्रवाइयां की जा सकें।
आरोपी शिवराज गुर्जर को न्यायालय में पेश किया जाएगा, जहां से पुलिस आगे की पूछताछ के लिए उसे रिमांड पर लेने का प्रयास करेगी। पुलिस को उम्मीद है कि इस कार्रवाई से क्षेत्र में मादक पदार्थों की सप्लाई चेन पर लगाम लगेगी।
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