Gold Silver Price Recovery 2026: बाजार में लौटी रौनक, सोने और चांदी की कीमतों में ऐतिहासिक ‘बाउंस बैक’

Gold Silver Price Recovery 2026
नई दिल्ली/इंदौर | 3 फरवरी 2026 भारतीय सर्राफा बाजार के लिए मंगलवार का दिन एक बड़े टर्निंग पॉइंट के रूप में दर्ज किया गया। पिछले 72 घंटों से बाजार पर हावी ‘मंदी के काले बादलों’ को चीरते हुए कीमतों ने जबरदस्त वापसी की है। Gold Silver Price Recovery 2026 का असर ऐसा रहा कि महज कुछ घंटों के भीतर ही चांदी की कीमतों में ₹20,000 प्रति किलो से अधिक की वृद्धि देखी गई, जबकि सोने ने भी ₹7,300 प्रति 10 ग्राम की लंबी छलांग लगाई है।
MCX और हाजिर बाजार के ताजा आंकड़े
मल्टी कमोडिटी एक्सचेंज (MCX) पर दोपहर के सत्र में हलचल तब बढ़ गई जब मार्च डिलीवरी वाली चांदी ₹20,639 की भारी बढ़त के साथ ₹2,56,900 प्रति किलोग्राम के स्तर को पार कर गई। यह हाल के इतिहास में एक दिन की सबसे बड़ी रिकवरी में से एक मानी जा रही है।
वहीं, अगर हम पीली धातु की बात करें, तो अप्रैल डिलीवरी वाला सोना ₹7,300 की तेजी दिखाते हुए ₹1,51,290 प्रति 10 ग्राम के रिकॉर्ड स्तर की ओर दोबारा बढ़ चला है। इंडिया बुलियन एंड ज्वैलर्स एसोसिएशन (IBJA) के आंकड़ों के मुताबिक, हाजिर बाजार में 24 कैरेट सोने का भाव ₹1,50,708 के आसपास बना हुआ है।
क्यों आई यह ‘तूफानी’ तेजी? एक्सपर्ट्स के 3 बड़े तर्क
बाजार विश्लेषकों विशेषज्ञों का मानना है कि Gold Silver Price Recovery 2026 केवल एक तकनीकी सुधार नहीं है, बल्कि इसके पीछे ठोस वैश्विक और घरेलू कारण हैं:
बार्गेन हंटिंग (Bargain Hunting): पिछले तीन दिनों में सोने और चांदी के भाव अपनी ऊपरी चोटियों से काफी नीचे आ गए थे। इस गिरावट को बड़े निवेशकों और संस्थागत खरीदारों ने एक ‘गोल्डन चांस’ के रूप में देखा। निचले स्तरों पर हुई इस भारी लिवाली (Buying) ने कीमतों को रॉकेट की तरह ऊपर धकेल दिया।
भारत-अमेरिका ट्रेड डील का ‘सेंटीमेंट’: अंतरराष्ट्रीय गलियारों से आ रही खबरें संकेत दे रही हैं कि भारत और अमेरिका के बीच एक महत्वपूर्ण व्यापार समझौते पर सहमति बन गई है। इस जियो-पॉलिटिकल स्थिरता ने निवेशकों के आत्मविश्वास को बढ़ाया है, जिससे कमोडिटी मार्केट में सकारात्मक प्रवाह देखा जा रहा है।
यूएस फेडरल रिजर्व और राजकोषीय जोखिम: अमेरिका में फेडरल रिजर्व की स्वायत्तता को लेकर उठ रहे सवाल और वहां के बढ़ते राजकोषीय घाटे (Fiscal Risk) ने सुरक्षित निवेश (Safe-haven) की मांग को बढ़ा दिया है। जब भी वैश्विक अर्थव्यवस्था में अनिश्चितता आती है, निवेशक डॉलर छोड़ सोने का रुख करते हैं।
महानगरों में आज का भाव (24 कैरेट गोल्ड)
| शहर | भाव (प्रति 10 ग्राम) |
| दिल्ली | ₹1,42,640 |
| मुंबई | ₹1,42,890 |
| चेन्नई | ₹1,43,300 |
| कोलकाता | ₹1,42,700 |
उपभोक्ता गाइड: असली और नकली की पहचान कैसे करें?
कीमतों में इस भारी उतार-चढ़ाव के बीच आम ग्राहकों के लिए धोखाधड़ी का जोखिम भी बढ़ जाता है। विशेषज्ञों ने खरीदारी के समय इन 3 बातों का विशेष ध्यान रखने को कहा है:
1. चांदी का ‘आइस टेस्ट’ (Ice Test): चांदी ऊष्मा (Heat) की सबसे अच्छी सुचालक है। यदि आप चांदी के सिक्के या सिल्ली पर बर्फ का टुकड़ा रखते हैं, तो वह सामान्य तापमान की तुलना में बहुत तेजी से पिघलेगा। अगर ऐसा नहीं होता, तो चांदी में मिलावट संभव है।
2. हॉलमार्किंग और HUID नंबर: सोना खरीदते समय केवल ‘BIS Hallmark’ पर ही भरोसा न करें। अब हर ज्वेलरी पर एक 6 अंकों का अल्फान्यूमेरिक कोड होता है जिसे HUID (Hallmark Unique Identification) कहते हैं। इसे ‘BIS Care App’ पर चेक करके आप सोने की शुद्धता की 100% पुष्टि कर सकते हैं।
3. मैग्नेट टेस्ट (Magnet Test): सोना और चांदी दोनों ही गैर-चुंबकीय (Non-magnetic) धातुएं हैं। यदि आपकी ज्वेलरी चुंबक की ओर आकर्षित हो रही है, तो समझ लीजिए कि उसमें लोहे या अन्य धातुओं की मिलावट की गई है।
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