Advertisement

24 घंटे में नाबालिग बरामद: मंदसौर पुलिस की बड़ी सफलता, आरोपी गिरफ्तार

नाबालिग बरामद

मंदसौर । मंदसौर जिले में पुलिस की सक्रियता और त्वरित कार्रवाई का एक मजबूत उदाहरण सामने आया है। नाबालिग बरामद मामले में सीतामऊ थाना पुलिस ने महज 24 घंटे के भीतर अपहृत बालिका को सकुशल खोज निकाला। इस पूरे घटनाक्रम ने न केवल पुलिस की कार्यशैली को प्रभावी साबित किया, बल्कि आम जनता के बीच सुरक्षा को लेकर विश्वास भी बढ़ाया है। इस कार्रवाई में आरोपी को भी गिरफ्तार कर लिया गया है और उससे पूछताछ जारी है।

Shubham Solar Solution

ऑपरेशन मुस्कान के तहत चला अभियान

मध्य प्रदेश पुलिस मुख्यालय द्वारा चलाए जा रहे विशेष अभियान ‘ऑपरेशन मुस्कान’ के तहत गुमशुदा और अपहृत बच्चों की तलाश के लिए प्रदेशभर में सघन अभियान चलाया जा रहा है। इसी अभियान के अंतर्गत मंदसौर जिले में भी पुलिस को विशेष निर्देश दिए गए थे।

पुलिस अधीक्षक विनोद कुमार मीना ने जिले के सभी थाना प्रभारियों को इस दिशा में गंभीरता से कार्रवाई करने के निर्देश दिए थे। इसी के तहत सीतामऊ थाना पुलिस ने एक विशेष टीम गठित कर इस नाबालिग बरामद मामले में तुरंत काम शुरू किया।

परिजन की शिकायत से खुला मामला

घटना की शुरुआत तब हुई जब एक पिता ने अपनी 15 वर्ष 5 माह की बेटी के अचानक लापता होने की सूचना सीतामऊ थाने में दर्ज कराई। परिजनों को संदेह था कि बालिका का अपहरण किया गया है।

पुलिस ने मामले को गंभीरता से लेते हुए अपराध क्रमांक 161/26 के तहत धारा 137(2) बीएनएस में प्रकरण दर्ज किया और जांच शुरू कर दी। मामला दर्ज होते ही पुलिस टीम हरकत में आ गई और बिना समय गंवाए संभावित स्थानों की तलाश शुरू कर दी।

तकनीकी साक्ष्य और मुखबिर तंत्र से मिला सुराग

इस नाबालिग बरामद ऑपरेशन में पुलिस ने आधुनिक तकनीक और पारंपरिक जांच पद्धतियों का समन्वय किया। टीम ने:

  • मोबाइल लोकेशन और कॉल डिटेल्स का विश्लेषण किया
  • मुखबिरों से जानकारी जुटाई
  • परिजनों और रिश्तेदारों से पूछताछ की

लगातार जुटाई जा रही सूचनाओं के आधार पर पुलिस को अहम सुराग मिले, जिससे बालिका की लोकेशन ट्रेस करना संभव हो पाया।

धार जिले में दबिश देकर किया रेस्क्यू

पुलिस को मिली सटीक सूचना के आधार पर टीम ने धार जिला के बाग टांडा क्षेत्र में दबिश दी। यहां पुलिस ने योजनाबद्ध तरीके से कार्रवाई करते हुए नाबालिग बालिका को सुरक्षित बरामद कर लिया।

बालिका को तुरंत सुरक्षा में लेकर उसके परिजनों को सौंप दिया गया। परिवार के सदस्यों ने पुलिस की इस त्वरित कार्रवाई के लिए आभार व्यक्त किया और राहत की सांस ली।

आरोपी गिरफ्तार, पूछताछ जारी

इस नाबालिग बरामद मामले में आरोपी विक्रम पिता हेमंत मईडा, निवासी धुंधड़का को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। आरोपी से पूछताछ की जा रही है ताकि यह स्पष्ट हो सके कि घटना के पीछे क्या कारण थे और क्या इसमें कोई अन्य व्यक्ति भी शामिल है।

पुलिस का कहना है कि जांच के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।

पुलिस की तत्परता से बढ़ा जनता का भरोसा

इस पूरे मामले में सबसे अहम बात यह रही कि पुलिस ने बेहद कम समय में न केवल नाबालिग को सुरक्षित खोज निकाला, बल्कि आरोपी को भी गिरफ्तार कर लिया। नाबालिग बरामद ऑपरेशन की यह सफलता दर्शाती है कि यदि समय पर कार्रवाई की जाए तो गंभीर मामलों को भी जल्दी सुलझाया जा सकता है।

इस घटना के बाद क्षेत्र में पुलिस के प्रति विश्वास और मजबूत हुआ है। साथ ही यह संदेश भी गया है कि अपराध करने वालों को बख्शा नहीं जाएगा।


यह भी पढ़ें: सालासर मंदिर विवाद: कन्हैया मित्तल के यू-टर्न से बढ़ा बवाल, बयानबाजी ने पकड़ा तूल

ताज़ा ख़बरों का अपडेट सीधा अपने फोन पर पाने के लिए हमारे WhatsApp चैनल से जुड़ें