नीमच में दर्दनाक एक्सीडेंट: अनियंत्रित ट्रक ने स्कूटी सवार छात्राओं को रौंदा; सांस्कृतिक कार्यक्रम की खुशियाँ मातम में बदलीं

नीमच में दर्दनाक एक्सीडेंट

नीमच में दर्दनाक एक्सीडेंट

नीमच। मध्यप्रदेश के नीमच जिले से एक बेहद ही दुखद और विचलित कर देने वाली खबर सामने आई है। शनिवार सुबह नीमच-मनासा मार्ग पर स्थित शुभमंगल कॉलोनी के पास नीमच में दर्दनाक एक्सीडेंट हुआ, जिसमें तीन स्कूली छात्राएं गंभीर रूप से घायल हो गईं। यह हादसा उस समय हुआ जब छात्राएं अपने स्कूल में आयोजित एक कार्यक्रम में शामिल होने जा रही थीं। तेज रफ्तार ट्रक की टक्कर इतनी जबरदस्त थी कि छात्राएं हवा में उछलकर काफी दूर जा गिरीं।

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सपनों को रौंदता हुआ निकल गया काल बना ट्रक

प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, मानसी शर्मा, भव्या सोनी और महक शर्मा शनिवार सुबह अपनी स्कूटी से जेतपुरा चौराहा स्थित स्कूल की ओर जा रही थीं। स्कूल में वार्षिक उत्सव और सांस्कृतिक कार्यक्रम की धूम थी, जिसमें इन छात्राओं को भी मंच पर अपनी प्रस्तुति देनी थी। लेकिन नियति को कुछ और ही मंजूर था। जैसे ही वे शुभमंगल कॉलोनी के मोड़ के पास पहुँचीं, सामने से आ रहे एक अनियंत्रित ट्रक ने उन्हें अपनी चपेट में ले लिया। नीमच में दर्दनाक एक्सीडेंट का यह मंजर देखकर वहां मौजूद लोगों के हाथ-पांव फूल गए।

हादसे के बाद मची चीख-पुकार, लहूलुहान हुईं छात्राएं

टक्कर इतनी भीषण थी कि स्कूटी के परखच्चे उड़ गए और छात्राओं के बैग व स्कूल का सामान सड़क पर बिखर गया। इस नीमच में दर्दनाक एक्सीडेंट के तुरंत बाद आसपास के रहवासी और राहगीर मदद के लिए दौड़े। मानसी और भव्या सड़क पर बेसुध पड़ी थीं और उनके शरीर से काफी खून बह रहा था। स्थानीय युवाओं ने बिना देरी किए पुलिस को सूचना दी और एम्बुलेंस का इंतजार किए बिना घायलों को निजी वाहनों से जिला चिकित्सालय पहुँचाया।

अस्पताल में पसरा सन्नाटा, परिजनों का बुरा हाल

जैसे ही यह खबर घायल छात्राओं के घर पहुँची, परिजनों के पैरों तले जमीन खिसक गई। बदहवास होकर माता-पिता और रिश्तेदार जिला अस्पताल पहुँचे। डॉक्टरों ने बताया कि मानसी शर्मा और भव्या सोनी के सिर में गंभीर चोटें आई हैं, जिसके कारण उन्हें तुरंत बड़े निजी अस्पताल में रेफर किया गया है। वहीं, महक शर्मा की हालत फिलहाल स्थिर है, लेकिन वह सदमे में है। डॉक्टरों की एक विशेष टीम गंभीर रूप से घायल छात्राओं की निगरानी कर रही है।

सड़क सुरक्षा और प्रशासन पर उठ रहे तीखे सवाल

इस नीमच में दर्दनाक एक्सीडेंट के बाद एक बार फिर शहर की ट्रैफिक व्यवस्था पर सवालिया निशान लग गए हैं। नीमच-मनासा मार्ग पर भारी वाहनों की नो-एंट्री और गति सीमा को लेकर प्रशासन के दावे खोखले साबित हो रहे हैं। स्थानीय निवासियों का कहना है कि यह मार्ग अब ‘डेथ ट्रैप’ बनता जा रहा है। स्कूल के समय भारी वाहनों के प्रवेश पर रोक लगाने की मांग लंबे समय से की जा रही है, लेकिन जिम्मेदारों की अनदेखी का खामियाजा आज इन मासूम छात्राओं को भुगतना पड़ा।

पुलिस की तफ्तीश और कानूनी कार्रवाई

घटना की सूचना मिलते ही पुलिस टीम ने मौके पर पहुँचकर स्थिति को संभाला। ट्रक को फिलहाल जब्त कर लिया गया है और चालक के खिलाफ लापरवाही से वाहन चलाने का मुकदमा दर्ज किया गया है। पुलिस सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाल रही है ताकि हादसे की सटीक वजह का पता लगाया जा सके। पुलिस अधीक्षक ने मामले की गंभीरता को देखते हुए जांच के कड़े निर्देश दिए हैं।


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