कनावटी जेल नीमच: 60 वर्षीय विचाराधीन कैदी की संदिग्ध मौत से हड़कंप
Reported by: News Desk | Edited by: आकाश शर्मा
01 अप्रैल 2026, (अपडेटेड 01 अप्रैल 2026, 12:30 अपराह्न IST)

नीमच । कनावटी जेल नीमच (Kanawati Jail Neemuch) से सामने आई एक संदिग्ध मौत की घटना ने पूरे क्षेत्र में सनसनी फैला दी है। जिला जेल कनावटी में बंद एक विचाराधीन कैदी की अचानक मौत हो गई, जिससे जेल प्रशासन की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल उठने लगे हैं।

मृतक की पहचान 60 वर्षीय गुरजीत सिंह के रूप में हुई है, जो हरियाणा के कैथल जिले का निवासी था। वह जुलाई 2025 से एनडीपीएस एक्ट के एक मामले में कनावटी जेल नीमच (Kanawati Jail Neemuch) में बंद था। इस घटना के बाद न केवल प्रशासन बल्कि आम लोगों में भी चिंता का माहौल है।

सुबह अचानक बिगड़ी तबीयत

जानकारी के अनुसार, बुधवार सुबह करीब 6:30 बजे गुरजीत सिंह की तबीयत अचानक खराब हो गई। जेल में मौजूद कर्मचारियों ने स्थिति की गंभीरता को देखते हुए तुरंत उसे जिला अस्पताल पहुंचाया। लेकिन अस्पताल पहुंचने से पहले ही उसकी हालत बिगड़ चुकी थी।

इस पूरी घटना ने कनावटी जेल नीमच (Kanawati Jail Neemuch) की स्वास्थ्य व्यवस्थाओं पर सवाल खड़े कर दिए हैं। क्या कैदी को समय पर चिकित्सा सहायता मिली या नहीं, यह अब जांच का विषय बन चुका है।

अस्पताल में मृत घोषित

जिला अस्पताल के डॉक्टरों ने जांच के बाद गुरजीत सिंह को मृत घोषित कर दिया। इसके बाद शव को पोस्टमार्टम के लिए मोर्चरी में रखवा दिया गया है। परिजनों को सूचना दे दी गई है और उनके पहुंचने के बाद आगे की प्रक्रिया पूरी की जाएगी।

कनावटी जेल नीमच (Kanawati Jail Neemuch) से जुड़े इस मामले में अब सभी की नजरें पोस्टमार्टम रिपोर्ट पर टिकी हुई हैं, जिससे मौत के असली कारणों का खुलासा हो सकेगा।

जेल प्रशासन का पक्ष

जेलर नारायण सिंह राणा ने बताया कि गुरजीत सिंह पहले से ही बीपी और शुगर जैसी गंभीर बीमारियों से पीड़ित था। उनके अनुसार, कैदी की तबीयत अचानक बिगड़ी और उसे तुरंत अस्पताल ले जाया गया, लेकिन उसे बचाया नहीं जा सका।

हालांकि, कनावटी जेल नीमच (Kanawati Jail Neemuch) में हुई इस मौत को लेकर यह सवाल उठना स्वाभाविक है कि क्या बीमार कैदी की नियमित जांच और इलाज सही तरीके से हो रहा था या नहीं।

जांच की मांग तेज

घटना के बाद स्थानीय लोगों और सामाजिक संगठनों ने इस मामले की निष्पक्ष जांच की मांग उठाई है। विशेषज्ञों का कहना है कि जेल प्रशासन की जिम्मेदारी होती है कि वह कैदियों के स्वास्थ्य और सुरक्षा का पूरा ध्यान रखे।

ऐसे में कनावटी जेल नीमच (Kanawati Jail Neemuch) की यह घटना प्रशासनिक लापरवाही का संकेत भी हो सकती है, जिसकी सच्चाई जांच के बाद ही सामने आएगी।

स्वास्थ्य सुविधाओं पर उठे सवाल

इस घटना के बाद यह भी सवाल उठ रहा है कि क्या जेल में पर्याप्त स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध हैं। यदि कोई कैदी पहले से बीमार है, तो उसके लिए विशेष निगरानी और नियमित उपचार आवश्यक होता है।

कनावटी जेल नीमच (Kanawati Jail Neemuch) में हुई यह घटना इस दिशा में सुधार की आवश्यकता को भी दर्शाती है।

आगे क्या?

फिलहाल शव का पोस्टमार्टम होना बाकी है और रिपोर्ट आने के बाद ही मौत के कारणों का स्पष्ट पता चल पाएगा। यदि रिपोर्ट में किसी तरह की लापरवाही सामने आती है, तो जिम्मेदार अधिकारियों पर कार्रवाई संभव है।

कनावटी जेल नीमच (Kanawati Jail Neemuch) का यह मामला अब एक गंभीर प्रशासनिक मुद्दा बन चुका है, जिस पर सभी की नजरें टिकी हुई हैं।


यह भी पढ़ें: जल गंगा संवर्धन अभियान: बरडिया में जल चौपाल से जागरूकता का संकल्प

ताज़ा ख़बरों का अपडेट सीधा अपने फोन पर पाने के लिए हमारे WhatsApp चैनल से जुड़ें

Aakash Sharma
Aakash Sharmahttps://thetimesofmp.com
आकाश शर्मा मध्यप्रदेश के नीमच क्षेत्र में सक्रिय पत्रकार और द टाइम्स ऑफ MP के संपादक हैं। उन्हें प्रिंट मीडिया में 12 वर्षों का पत्रकारिता अनुभव है। लंबे समय से स्थानीय एवं जनसरोकार से जुड़े मुद्दों की रिपोर्टिंग, समाचार संपादन और समाचार प्रकाशन के क्षेत्र में सक्रिय रहते हुए उन्होंने स्थानीय पत्रकारिता में व्यापक अनुभव हासिल किया है।द टाइम्स ऑफ MP के माध्यम से आकाश शर्मा नीमच, मंदसौर और आसपास के क्षेत्रों से जुड़ी महत्वपूर्ण खबरों को पाठकों तक पहुंचाने का कार्य करते हैं। उनकी कवरेज में स्थानीय प्रशासन, पुलिस एवं कानून-व्यवस्था, जनसमस्याएं, नागरिक सुविधाएं, राजनीति, सामाजिक गतिविधियां, शिक्षा, कृषि, व्यापार और अन्य जनहित से जुड़े विषय शामिल हैं।उनकी संपादकीय कार्यशैली में तथ्यपरक रिपोर्टिंग, स्रोत-आधारित जानकारी, निष्पक्ष प्रस्तुति और जिम्मेदार पत्रकारिता को प्राथमिकता दी जाती है। संवेदनशील और अपराध से जुड़े मामलों की रिपोर्टिंग में आरोप और प्रमाणित तथ्य के बीच अंतर बनाए रखने तथा उपलब्ध आधिकारिक एवं विश्वसनीय स्रोतों के आधार पर खबर प्रस्तुत करने पर विशेष ध्यान दिया जाता है।पत्रकारिता के साथ आकाश शर्मा पिछले 4 वर्षों से पैरा लीगल वॉलंटियर (PLV) के रूप में भी कार्य कर रहे हैं। इस भूमिका में वे कानूनी जागरूकता और जनहित से जुड़े कार्यों से जुड़े रहे हैं। इसके साथ ही वे इंटरनेशनल ह्यूमन सिक्योरिटी ऑर्गनाइजेशन में जिला उपाध्यक्ष (District Vice President) के दायित्व का निर्वहन कर रहे हैं।अनुभव 12 वर्ष — प्रिंट मीडिया एवं पत्रकारिता का अनुभव 4 वर्ष — पैरा लीगल वॉलंटियर (PLV) के रूप में अनुभव संपादक — द टाइम्स ऑफ MP जिला उपाध्यक्ष — इंटरनेशनल ह्यूमन सिक्योरिटी ऑर्गनाइजेशनआकाश शर्मा का उद्देश्य स्थानीय स्तर की महत्वपूर्ण सूचनाओं को विश्वसनीय, स्पष्ट, तथ्यपरक और जिम्मेदार पत्रकारिता के माध्यम से पाठकों तक पहुंचाना तथा आम नागरिकों से जुड़े मुद्दों को प्रभावी मंच प्रदान करना है।विशेषज्ञता: स्थानीय पत्रकारिता | प्रिंट मीडिया | समाचार संपादन | डिजिटल पत्रकारिता | स्थानीय समाचार रिपोर्टिंग | जनहित के मुद्दे | कानूनी जागरूकता |

Hot this week

पालसोड़ा एक्सीडेंट में 1 युवक की मौत, 2 की हालत गंभीर

पालसोड़ा एक्सीडेंट: नीमच जिले के जीरन थाना क्षेत्र में...

उज्जैन शूटिंग रेंज मारपीट: VIDEO में कैद कोच पर हमला, सिस्टम पर उठे सवाल

उज्जैन (Ujjain Crime News)। उज्जैन शूटिंग रेंज मारपीट का...

रिद्धि राठौड़ का शानदार प्रदर्शन, 400 और 600 मीटर दौड़ में जीते स्वर्ण पदक

नीमच। शालेय संभाग स्तरीय एथलेटिक्स प्रतियोगिता में स्विमफ्लाय स्पोर्ट्स...

मनासा में घर में सो रहे 40 वर्षीय कालू को सांप ने काटा, समय पर अस्पताल पहुंचाया

मनासा। नीमच जिले के मनासा क्षेत्र में शुक्रवार अलसुबह...

Related Articles

Popular Categories