नीमच । मध्यप्रदेश के नीमच जिले में सोमवार को आयोजित यातायात जागरूकता अभियान ने स्कूली विद्यार्थियों के बीच सड़क सुरक्षा को लेकर नई जागरूकता पैदा की। यातायात पुलिस द्वारा आयोजित इस कार्यक्रम में शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय क्रमांक-2 के कक्षा 10वीं से 12वीं तक के विद्यार्थियों ने भाग लिया।
वरिष्ठ अधिकारियों के निर्देशन में आयोजन
यह यातायात जागरूकता अभियान पुलिस अधीक्षक श्री राजेश व्यास, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक श्री नवलसिंह सिसोदिया और नगर पुलिस अधीक्षक श्री किरण चौहान के निर्देशन में आयोजित किया गया। थाना प्रभारी यातायात सोनू बडगुर्जर और उनकी टीम ने पूरे कार्यक्रम का संचालन किया।
बच्चों को समझाए ट्रैफिक नियम
कार्यक्रम के दौरान विद्यार्थियों को सड़क सुरक्षा और ट्रैफिक नियमों की विस्तार से जानकारी दी गई। पुलिस अधिकारियों ने हेलमेट और सीट बेल्ट के महत्व को समझाते हुए कहा कि नियमों का पालन जीवन बचाने के लिए बेहद जरूरी है।
पैदल चलने और रोड क्रॉसिंग की सीख
इस यातायात जागरूकता अभियान में बच्चों को पैदल चलते समय सावधानी बरतने और सुरक्षित तरीके से रोड क्रॉस करने के नियम भी बताए गए। ट्रैफिक सिग्नल और ज़ेब्रा क्रॉसिंग के उपयोग की जानकारी आसान भाषा में दी गई।
वाहन चेकिंग की प्रक्रिया दिखाई
विद्यार्थियों को टैगोर मार्ग पर चल रही वाहन चेकिंग प्रक्रिया भी दिखाई गई। यातायात पुलिस ने ड्राइविंग लाइसेंस, आरसी, इंश्योरेंस और प्रदूषण प्रमाण पत्र जैसे जरूरी दस्तावेजों के बारे में जानकारी दी।
इंटरसेप्टर वाहन और उपकरणों की जानकारी
कार्यक्रम में छात्रों को यातायात पुलिस के इंटरसेप्टर वाहन, बुलेट बाइक और अन्य आधुनिक उपकरणों के बारे में भी बताया गया। बच्चों ने पुलिस की कार्यप्रणाली को करीब से समझा।
चित्रकला और निबंध प्रतियोगिता आयोजित
इस यातायात जागरूकता अभियान का सबसे आकर्षक हिस्सा चित्रकला और निबंध प्रतियोगिता रही। विद्यार्थियों ने सड़क सुरक्षा और ट्रैफिक नियमों पर आधारित सुंदर चित्र बनाए। प्रतियोगिता में कुल 15 पेंटिंग तैयार की गईं।
विद्यार्थियों को बांटी गई सामग्री
प्रतियोगिता में भाग लेने वाले बच्चों को यातायात पुलिस की ओर से ड्राइंग शीट, कलर, पेंसिल और ज्योमेट्री बॉक्स वितरित किए गए। इससे विद्यार्थियों का उत्साह और बढ़ गया।
नियम तोड़ने वालों पर कार्रवाई
यातायात पुलिस ने अभियान के दौरान वाहन चेकिंग भी की। नियमों का उल्लंघन करने वाले वाहन चालकों के खिलाफ मोटर व्हीकल एक्ट के तहत कार्रवाई करते हुए कुल 21 चालान बनाए गए और 8100 रुपए का समन शुल्क वसूला गया।
समाज में जागरूकता फैलाने की पहल
पुलिस अधिकारियों ने कहा कि यातायात जागरूकता अभियान का उद्देश्य बच्चों के माध्यम से पूरे समाज में सड़क सुरक्षा के प्रति जागरूकता फैलाना है। कम उम्र से ट्रैफिक नियमों की जानकारी मिलने से भविष्य में सड़क दुर्घटनाओं में कमी लाई जा सकती है।
स्थानीय लोगों ने की सराहना
स्थानीय नागरिकों और अभिभावकों ने इस पहल की सराहना की। लोगों का कहना है कि स्कूल स्तर पर ऐसे यातायात जागरूकता अभियान लगातार आयोजित होने चाहिए ताकि युवा पीढ़ी जिम्मेदार नागरिक बन सके।
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