मनासा। नीमच जिले के मनासा नगर में सोमवार शाम उस समय तनावपूर्ण माहौल बन गया, जब कोर्ट परिसर के बाहर दो पक्षों के बीच जमकर पत्थरबाजी हो गई। मनासा कोर्ट के बाहर पत्थरबाजी की इस घटना से पूरे इलाके में अफरा-तफरी मच गई। मुख्य मार्ग पर भगदड़ जैसी स्थिति बन गई और आसपास के दुकानदारों ने तुरंत अपने शटर बंद कर दिए।
घटना का वीडियो भी देर रात सोशल मीडिया पर सामने आया, जिसमें दोनों पक्ष एक-दूसरे पर पत्थर फेंकते दिखाई दे रहे हैं। पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए सात लोगों को गिरफ्तार किया, जिनमें से चार आरोपियों को जेल भेज दिया गया है।
वैवाहिक विवाद से बढ़ा मामला
जानकारी के अनुसार, विवाद ग्राम मालाहेड़ा निवासी एक युवती के विवाह से जुड़ा हुआ है। युवती का विवाह करीब चार वर्ष पहले सावन कुंड में हुआ था। बताया जा रहा है कि लंबे समय से दोनों परिवारों के बीच विवाद चल रहा था और ससुराल पक्ष युवती को अपने साथ रखने से इनकार कर रहा था।
इसी मामले को लेकर सोमवार शाम युवती का मामा मनासा कोर्ट पहुंचा था। यहां दोनों पक्षों के बीच बहस शुरू हुई, जो कुछ ही देर में हिंसक झड़प में बदल गई। देखते ही देखते सड़क पर पत्थर चलने लगे और मनासा कोर्ट के बाहर पत्थरबाजी की घटना ने लोगों में डर का माहौल पैदा कर दिया।
सड़क पर मचा हड़कंप, लोग भागते नजर आए

प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, दोनों पक्षों के लोग अचानक आक्रामक हो गए और सड़क पर ही एक-दूसरे पर पत्थर बरसाने लगे। इस दौरान वहां मौजूद लोग जान बचाने के लिए इधर-उधर भागते नजर आए।
घटना के दौरान कोर्ट परिसर और आसपास के क्षेत्र में अफरा-तफरी की स्थिति बन गई। दुकानदारों ने डर के चलते अपनी दुकानें बंद कर दीं। कई वाहन चालक भी रास्ता बदलकर निकलते दिखाई दिए।
सोशल मीडिया पर वायरल वीडियो में साफ दिखाई दे रहा है कि किस तरह दोनों पक्ष खुलेआम सड़क पर उत्पात मचा रहे थे।
पुलिस ने संभाला मोर्चा
घटना की सूचना मिलते ही थाना प्रभारी नीलेश अवस्थी पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे। पुलिस ने स्थिति को नियंत्रित करते हुए उत्पात मचा रहे लोगों को हिरासत में लिया।
पुलिस ने शांति भंग करने के आरोप में जयपाल, प्रताप, बंशीलाल, मुकेश, मदनलाल, प्रहलाद और जगदीश को गिरफ्तार किया। सभी आरोपी बंजारा समाज से जुड़े बताए जा रहे हैं और अलग-अलग गांवों के निवासी हैं।
मनासा कोर्ट के बाहर पत्थरबाजी मामले में पुलिस ने सभी आरोपियों को एसडीएम कोर्ट में पेश किया।
चार आरोपियों को भेजा गया जेल
मनासा एसडीएम किरण आंजना ने कहा कि सार्वजनिक स्थान पर कानून व्यवस्था बिगाड़ने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने बताया कि सात लोगों को हिरासत में लिया गया था, जिनमें से चार आरोपियों को जेल भेज दिया गया है।
एसडीएम न्यायालय के आदेश पर मुकेश पिता जोर सिंह बंजारा निवासी दाता, प्रहलाद पिता अमर सिंह बंजारा निवासी काना की बारात, जगदीश पिता रूपा बंजारा निवासी साकरिया खेड़ी और मदनलाल पिता मांगीलाल बंजारा निवासी सावन कुंड को जेल भेजा गया है। बाकी तीन आरोपियों को रिहा कर दिया गया।
दोनों पक्षों पर दर्ज हुई क्रॉस एफआईआर
पुलिस ने मामले में दोनों पक्षों की शिकायतों पर क्रॉस एफआईआर दर्ज की है। पहले पक्ष की कैलाशी बाई निवासी सावन कुंड की रिपोर्ट पर पप्पू, गोपी, सोनू, सरवन और नाहर सिंह के खिलाफ मामला दर्ज किया गया।
वहीं दूसरे पक्ष के सोनू बंजारा निवासी मालाहेड़ा की शिकायत पर रवि, इंदर सिंह, कैलाशी बाई और अर्जुन के खिलाफ प्रकरण दर्ज हुआ है। पुलिस वायरल वीडियो और प्रत्यक्षदर्शियों के बयान के आधार पर आगे की जांच कर रही है।
मनासा कोर्ट के बाहर पत्थरबाजी की इस घटना के बाद इलाके में अतिरिक्त पुलिस बल तैनात किया गया है ताकि दोबारा तनाव की स्थिति न बने।
ताज़ा ख़बरों का अपडेट सीधा अपने फोन पर पाने के लिए हमारे WhatsApp चैनल से जुड़ें।






