मंदसौर(Mandsaur News)| मध्य प्रदेश के मंदसौर जिले में सामने आया फूड पॉइजनिंग का मामला अब गंभीर रूप लेता जा रहा है। नारायणगढ़ थाना क्षेत्र के तुरकिया गांव में आयोजित एक मुंडन समारोह, जो खुशियों का अवसर होना चाहिए था, वह अचानक स्वास्थ्य संकट में बदल गया। इस घटना में कुल 79 लोग बीमार पड़ गए, जिससे पूरे गांव में अफरा-तफरी का माहौल बन गया।
इस फूड पॉइजनिंग मामले में अब नया मोड़ तब आया है, जब आयोजन कराने वाले परिवार ने भोजन तैयार करने वाले हलवाई पर खराब सामग्री उपयोग करने का आरोप लगाते हुए थाने में शिकायत दर्ज कराई है।
हलवाई पर गंभीर आरोप
मुंडन संस्कार कराने वाले सुनील कारपेंटर ने नारायणगढ़ थाना में आवेदन देकर बताया कि उन्होंने चोथखेड़ी निवासी हलवाई दिनेश कुमार को भोजन बनाने का ठेका दिया था। इस ठेके में सामग्री की व्यवस्था भी हलवाई की ही जिम्मेदारी थी।
शिकायत में स्पष्ट रूप से कहा गया है कि कार्यक्रम में इस्तेमाल किया गया मावा और दही खराब था, जिसकी वजह से यह फूड पॉइजनिंग की घटना सामने आई। परिवार का यह भी आरोप है कि जब हलवाई से इस संबंध में सवाल किए गए, तो उसने कोई स्पष्ट जवाब नहीं दिया और अब फोन उठाना भी बंद कर दिया है।
मुंडन समारोह बना बीमारी का कारण
रविवार को आयोजित इस समारोह में बड़ी संख्या में ग्रामीण और मेहमान शामिल हुए थे। मेन्यू में पारंपरिक व्यंजन जैसे दाल-बाफले, लड्डू और लस्सी शामिल थे। कार्यक्रम सामान्य तरीके से चल रहा था, लेकिन भोजन करने के कुछ ही समय बाद लोगों की तबीयत बिगड़ने लगी।
शुरुआत में कुछ लोगों को उल्टी, दस्त और घबराहट की शिकायत हुई, लेकिन धीरे-धीरे यह संख्या बढ़ती गई। रात तक कुल 79 लोग इस फूड पॉइजनिंग का शिकार हो चुके थे। इतनी बड़ी संख्या में लोगों के एक साथ बीमार पड़ने से गांव में दहशत का माहौल बन गया।
8-10 लोगों की हालत ज्यादा खराब


इस फूड पॉइजनिंग घटना में 8 से 10 लोगों की हालत गंभीर बताई गई। उन्हें तत्काल अस्पताल में भर्ती कराया गया। इनमें से चार मरीजों को बेहतर इलाज के लिए जिला अस्पताल रेफर किया गया।
हालांकि समय पर चिकित्सा सुविधा मिलने से सभी मरीजों की हालत में सुधार हुआ और अब उन्हें छुट्टी दे दी गई है। स्वास्थ्य अधिकारियों के अनुसार, सभी प्रभावित लोग अब सुरक्षित और स्वस्थ हैं।
स्वास्थ्य विभाग की सक्रियता
घटना की जानकारी मिलते ही स्वास्थ्य विभाग की टीम तुरंत मौके पर पहुंची। गांव में अस्थायी चिकित्सा कैंप लगाकर सभी मरीजों की जांच की गई और आवश्यक उपचार दिया गया।
सीएमएचओ डॉ. गोविंद सिंह चौहान ने बताया कि सभी प्रभावित लोगों में फूड पॉइजनिंग के सामान्य लक्षण पाए गए। विभाग की टीम ने पूरे गांव में निगरानी रखी और सुनिश्चित किया कि कोई नया मामला सामने न आए।
राजनीतिक परिवार का आयोजन
जानकारी के अनुसार, यह कार्यक्रम भाजपा नेता सुंदरलाल पटवा के परिवार में आयोजित किया गया था। उनके पोते के मुंडन संस्कार के अवसर पर यह आयोजन रखा गया था, जिसमें बड़ी संख्या में लोग शामिल हुए थे।
इस कारण यह मामला और अधिक चर्चा में आ गया है, क्योंकि आयोजन में स्थानीय स्तर पर प्रभावशाली लोग भी मौजूद थे।
पुलिस जांच शुरू
शिकायत मिलने के बाद पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है। अधिकारियों का कहना है कि खाद्य सामग्री के सैंपल की जांच कराई जाएगी और दोषी पाए जाने पर सख्त कार्रवाई की जाएगी।
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