नीमच, 22 जुलाई 2026। जिले के किसानों के लिए उद्यानिकी विभाग ने एकीकृत बागवानी विकास मिशन योजना के अंतर्गत विभिन्न कृषि एवं बागवानी गतिविधियों पर 40 से 50 प्रतिशत तक अनुदान उपलब्ध कराने की जानकारी दी है। विभाग ने किसानों से अधिक से अधिक संख्या में ऑनलाइन पंजीयन कर शासन की इन लाभकारी योजनाओं का लाभ लेने की अपील की है। विभाग के अनुसार उद्यानिकी विभाग की योजनाएं किसानों की आय बढ़ाने और आधुनिक खेती को प्रोत्साहित करने के उद्देश्य से संचालित की जा रही हैं। इन योजनाओं में फल उद्यान, सब्जी उत्पादन, पुष्प खेती, मसाला उत्पादन, संरक्षित खेती, जैविक खेती, कृषि यंत्रीकरण तथा फसलोत्तर प्रबंधन जैसी कई गतिविधियां शामिल हैं।
फलों के नए बगीचों पर मिलेगा अनुदान
उद्यानिकी विभाग के अनुसार आम, अमरूद, अनार एवं नींबू वर्गीय फलों के नए बगीचों की स्थापना के लिए सामान्य दूरी पर लगाए जाने वाले बगीचों हेतु प्रति हेक्टेयर 50 हजार रुपये तक का अनुदान दिया जाएगा। वहीं हाई डेंसिटी (उच्च घनत्व) बगीचों की स्थापना करने वाले पात्र किसानों को प्रति हेक्टेयर 80 हजार रुपये तक का अनुदान प्रदान किया जाएगा।
सब्जी एवं मसाला उत्पादन को भी मिलेगा प्रोत्साहन
योजना के अंतर्गत हाईब्रिड सब्जियों की खेती करने वाले किसानों को प्रति हेक्टेयर 24 हजार रुपये तक का अनुदान मिलेगा। इसके अलावा खुली परागण (ओपन पोलिनेटेड) वाली प्याज एवं अन्य सब्जियों की खेती के लिए प्रति हेक्टेयर 20 हजार रुपये तक की सहायता निर्धारित की गई है। पुष्प क्षेत्र विस्तार के तहत खुले क्षेत्र में फूलों की खेती तथा बीजीय मसालों की खेती के लिए भी 20 हजार रुपये प्रति हेक्टेयर का अनुदान दिया जाएगा।
संरक्षित खेती और जैविक खेती पर विशेष प्रोत्साहन
विभाग के मुताबिक संरक्षित खेती को बढ़ावा देने के लिए शेडनेट हाउस, पॉलीहाउस में उच्च मूल्य वाली फसलों की खेती, मल्चिंग तथा फ्रूट बंच कवर जैसी गतिविधियों पर 50 प्रतिशत तक अनुदान उपलब्ध कराया जाएगा। इसके साथ ही जैविक खेती को प्रोत्साहित करने के उद्देश्य से स्थायी वर्मी कम्पोस्ट यूनिट की स्थापना पर भी अनुदान का प्रावधान किया गया है।
कृषि यंत्रीकरण और भंडारण संरचना पर भी सहायता
योजना के अंतर्गत कृषि यंत्रीकरण को बढ़ावा देने के लिए पात्र किसानों को पावर टिलर पर अनुदान दिया जाएगा। फसलोत्तर प्रबंधन के तहत प्याज एवं लहसुन भंडारण संरचना की स्थापना पर भी पात्रता अनुसार 50 प्रतिशत तक अनुदान उपलब्ध कराया जाएगा।
ऑनलाइन पंजीयन के लिए आवश्यक दस्तावेज
योजना का लाभ लेने के इच्छुक किसान ऑनलाइन पंजीयन करा सकते हैं। पंजीयन के लिए निम्न दस्तावेज आवश्यक होंगे—
- पासपोर्ट आकार का फोटो
- बैंक पासबुक की छायाप्रति
- खसरा की नकल
- आधार कार्ड
- मोबाइल नंबर
- अनुसूचित जाति एवं अनुसूचित जनजाति वर्ग के आवेदकों के लिए जाति प्रमाण-पत्र
अधिक जानकारी कहां मिलेगी
योजना से संबंधित अधिक जानकारी के लिए किसान विकासखंड उद्यानिकी अधिकारी के नीमच, जावद एवं मनासा कार्यालय से संपर्क कर सकते हैं। विभाग ने जिले के सभी पात्र किसानों से समय रहते ऑनलाइन पंजीयन कर शासन की इन योजनाओं का लाभ लेने की अपील की है।
FAQ Section
प्रश्न 1: यह योजना किस विभाग द्वारा संचालित की जा रही है?
उत्तर: उद्यानिकी विभाग द्वारा एकीकृत बागवानी विकास मिशन योजना के अंतर्गत संचालित की जा रही है।
प्रश्न 2: किसानों को कितना अनुदान मिलेगा?
उत्तर: विभिन्न गतिविधियों के अनुसार 40 से 50 प्रतिशत तक अनुदान उपलब्ध कराया जाएगा।
प्रश्न 3: किन गतिविधियों पर अनुदान मिलेगा?
उत्तर: फल उद्यान, सब्जी, पुष्प, मसाला, संरक्षित खेती, जैविक खेती, कृषि यंत्रीकरण तथा फसलोत्तर प्रबंधन सहित विभिन्न गतिविधियों पर।
प्रश्न 4: पंजीयन के लिए कौन-कौन से दस्तावेज आवश्यक हैं?
उत्तर: फोटो, आधार कार्ड, बैंक पासबुक, खसरा की नकल, मोबाइल नंबर तथा पात्रता अनुसार जाति प्रमाण-पत्र।
प्रश्न 5: अधिक जानकारी कहां मिलेगी?
उत्तर: किसान विकासखंड उद्यानिकी अधिकारी, नीमच, जावद एवं मनासा कार्यालय से संपर्क कर सकते हैं।
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