Viral Video 700% महंगा करैला: अमेरिका में सब्जी की कीमत देख उड़ जाएंगे होश, जानें क्या है US Karela Price का सच
Reported by: News Desk | Edited by: आकाश शर्मा
10 जनवरी 2026, (अपडेटेड 21 मार्च 2026, 10:41 अपराह्न IST)

न्यूज डेस्क, द टाइम्स ऑफ एमपी (US Karela Price)। भारत में जिस करैले को देखकर अक्सर बच्चे नाक-भौं सिकोड़ते हैं और जो मंडियों में महज 20 से 40 रुपये किलो में आसानी से मिल जाता है, वही करैला सात समंदर पार अमेरिका में ‘सोने के भाव’ बिक रहा है। सोशल मीडिया पर इन दिनों एक वीडियो ने तहलका मचा रखा है, जिसमें एक भारतीय महिला ने अमेरिका के सुपरमार्केट में सब्जियों की जो कीमतें बताई हैं, उन्हें सुनकर किसी का भी सिर चकरा सकता है। विशेष रूप से US Karela Price को लेकर देशवासियों के बीच एक नई बहस छिड़ गई है।

सोशल मीडिया पर क्यों चर्चा में है US Karela Price?

दरअसल, इंस्टाग्राम पर ‘sweety_ranjan’ नाम के यूजर द्वारा साझा किया गया एक वीडियो तेजी से वायरल हो रहा है। इस वीडियो में महिला अमेरिका के एक बड़े सुपरमार्केट में शॉपिंग करती नजर आ रही है। वह जैसे ही सब्जी सेक्शन में पहुंचती है और करैला उठाती है, तो वह उसकी कीमत का खुलासा करती है। महिला के अनुसार, अमेरिका में मात्र 450 ग्राम (लगभग आधा किलो) करैले की कीमत करीब 270 भारतीय रुपये है।

यहां देखें वीडियो

https://www.instagram.com/p/DR948IEAKOj/?utm_source=ig_embed&utm_campaign=embed_video_watch_again

अगर इस गणित को थोड़ा और विस्तार से समझें, तो अमेरिका में एक किलो करैले के लिए आपको अपनी जेब से लगभग 600 रुपये ढीले करने पड़ सकते हैं। भारत के मध्यमवर्गीय परिवारों के लिए यह आंकड़ा वाकई चौंकाने वाला है, क्योंकि यहां इतने पैसे में पूरे हफ्ते भर की सब्जियां आ जाती हैं। US Karela Price का यह अंतर न केवल मुद्रा की वैल्यू को दर्शाता है, बल्कि वहां रहने वाले प्रवासियों के खर्चों की एक झलक भी पेश करता है।

भारत बनाम अमेरिका: कीमतों का बड़ा अंतर

भारत में सब्जियों की कीमतें आमतौर पर स्थानीय पैदावार और सीजन पर निर्भर करती हैं। मध्य प्रदेश के नीमच और मंदसौर जैसे जिलों की मंडियों में ऑफ सीजन में भी करैला 60-80 रुपये किलो से ऊपर कम ही जाता है। वहीं, पीक सीजन में तो इसकी कीमतें 15 से 20 रुपये तक गिर जाती हैं। लेकिन विदेशों में, खासकर अमेरिका जैसे देशों में, भारतीय मूल की सब्जियां जैसे करैला, भिंडी या टिंडा ‘इंपोर्टेड’ कैटेगरी में आती हैं।

यही कारण है कि US Karela Price आम आदमी की कल्पना से कहीं अधिक होता है। वहां ये सब्जियां विशेष रूप से मैक्सिको या अन्य एशियाई देशों से आयात की जाती हैं, जिसके चलते लॉजिस्टिक्स और स्टोरेज का खर्च इसकी मूल कीमत में कई गुना इजाफा कर देता है।

वीडियो पर नेटिजन्स की मजेदार प्रतिक्रियाएं

जैसे ही यह वीडियो इंटरनेट पर वायरल हुआ, भारतीयों ने इस पर कमेंट्स की झड़ी लगा दी। खबर लिखे जाने तक इस वीडियो को 5 लाख 82 हजार से ज्यादा लोग देख चुके हैं। एक यूजर ने चुटकी लेते हुए लिखा, “इतने में तो हमारे यहां पूरी शादी का हलवा बन जाए।” वहीं, एक अन्य यूजर जो संभवतः झारखंड से है, उसने कमेंट किया कि “हमारे यहां तो 20 रुपये किलो में कोई पूछता नहीं है।”

हालांकि, कुछ लोगों ने तार्किक पक्ष भी रखा। एक यूजर ने लिखा, “भले ही US Karela Price ज्यादा लग रहा हो, लेकिन वहां लोग कमाते भी तो डॉलर में हैं।” यह बहस का विषय हो सकता है, लेकिन एक औसत भारतीय नजरिए से 270 रुपये में दो करैले खरीदना किसी सदमे से कम नहीं है।

महंगाई या मजबूरी?

विदेशों में रहने वाले भारतीयों के लिए अपनी पसंद का खाना खाना किसी लग्जरी से कम नहीं है। US Karela Price सिर्फ एक उदाहरण है; इसके अलावा अदरक, धनिया और हरी मिर्च जैसी चीजें भी वहां डॉलर के हिसाब से बेची जाती हैं। भारत में जहां धनिया दुकानदार मुफ्त में डाल देता है, वहीं अमेरिका में उसके लिए भी आपको अच्छा-खासा भुगतान करना पड़ता है।

इस वायरल वीडियो ने एक बार फिर भारत की समृद्ध कृषि व्यवस्था और यहां मिलने वाली सस्ती सब्जियों की अहमियत को रेखांकित किया है। पेशेवर दृष्टि से देखें तो यह वीडियो उन लोगों के लिए एक आईना है जो मानते हैं कि विदेश में जीवन केवल चमक-धमक वाला है। वहां की ऊंची कमाई के साथ-साथ बुनियादी जरूरतों पर होने वाला खर्च भी उसी अनुपात में बहुत ज्यादा है।

अंत में, यह कहना गलत नहीं होगा कि US Karela Price ने सोशल मीडिया पर भारतीयों को अपनी ‘सस्ती और ताजी’ सब्जियों पर गर्व करने का एक और मौका दे दिया है।


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Aakash Sharma
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