नई दिल्ली: मेडिकल प्रवेश परीक्षा की शुचिता पर उठे सवालों के बीच केंद्र सरकार ने कड़ा फैसला लिया है। नेशनल टेस्टिंग एजेंसी (NTA) ने आधिकारिक तौर पर NEET 2026 exam cancel करने का ऐलान कर दिया है। 3 मई को आयोजित हुई इस परीक्षा में करीब 22.79 लाख छात्र शामिल हुए थे, जिन्हें अब दोबारा परीक्षा की तैयारी करनी होगी।
पेपर लीक के गंभीर आरोपों और बिहार-राजस्थान में पकड़े गए सॉल्वर गैंग के बाद शिक्षा मंत्रालय ने मामले की गंभीरता को देखते हुए जांच CBI को सौंप दी है। हालांकि, इस पूरे घटनाक्रम पर जब मीडिया ने शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान को घेरा, तो उन्होंने चुप्पी साधे रखी और बिना जवाब दिए ही निकल गए।
बिहार में 60 लाख की ‘डील’ और MBBS मास्टरमाइंड
NEET 2026 exam cancel होने की सबसे बड़ी वजह बिहार से शुरू हुआ वो सिंडिकेट है, जिसने परीक्षा को मजाक बना दिया था। नालंदा पुलिस ने खुलासा किया है कि एक-एक सीट के लिए 50 से 60 लाख रुपए में सौदेबाजी हुई थी।

पुलिस ने पावापुरी मोड़ पर चेकिंग के दौरान दो लग्जरी गाड़ियों से विम्स (VIMS) मेडिकल कॉलेज के छात्र अवधेश कुमार को दबोचा। उसके पास से भारी मात्रा में कैश और परीक्षार्थियों के एडमिट कार्ड बरामद हुए। जांच में सामने आया कि गिरोह का मास्टरमाइंड उज्जवल उर्फ राजा बाबू है, जो पावापुरी मेडिकल कॉलेज का ही छात्र है। यह गैंग असली छात्र की जगह सॉल्वर बैठाने का काम करता था। इस मामले में अब तक 7 लोगों को जेल भेजा जा चुका है।
केरल से सीकर तक फैला लीक का जाल
जांच एजेंसियों के मुताबिक, पेपर लीक की पटकथा केरल से लिखी गई थी। केरल के एक MBBS छात्र ने 1 मई को हाथ से लिखा ‘क्वेश्चन बैंक’ सीकर में अपने दोस्त को भेजा। वहां से यह पीजी संचालकों और करियर काउंसलर्स के जरिए वॉट्सऐप पर आग की तरह फैल गया।


चौंकाने वाले खुलासे:

हूबहू सवाल: हाथ से लिखे इस क्वेश्चन बैंक में 300 सवाल थे, जिनमें से 150 सवाल (600 नंबर का कंटेंट) असली परीक्षा में जस के तस आ गए।
एक ही हैंडराइटिंग: सभी 300 सवालों की हैंडराइटिंग एक ही पाई गई है, जिससे संगठित गिरोह की पुष्टि होती है।
सोशल मीडिया पर वायरल: पर्चे पर ‘फॉरवर्डेड मेनी टाइम्स’ का टैग लगा था, यानी लाखों छात्रों तक यह पहले ही पहुंच चुका था।
क्या होगा छात्रों का?
NEET 2026 exam cancel होने के बाद NTA ने छात्रों को कुछ राहत देने की कोशिश की है।
रजिस्ट्रेशन: दोबारा परीक्षा के लिए छात्रों को कोई नया फॉर्म नहीं भरना होगा।
फीस: जो छात्र 3 मई की परीक्षा में शामिल हुए थे, उनसे दोबारा कोई फीस नहीं ली जाएगी।
सेंटर: पुराने एग्जाम सेंटर ही रहेंगे, लेकिन नए एडमिट कार्ड जारी किए जाएंगे।
सिस्टम पर फिर लगे दाग
साफ है कि 2024 के विवादों से NTA ने कोई सबक नहीं लिया। 2024 में भी पेपर लीक के चलते कुछ सेंटर्स पर दोबारा परीक्षा हुई थी और 67 छात्रों के 720/720 अंक आने पर सुप्रीम कोर्ट तक मामला पहुंचा था। अब 2026 में पूरी परीक्षा रद्द होना सिस्टम की सबसे बड़ी विफलता मानी जा रही है।
FAQ Section
1. NEET 2026 exam cancel क्यों हुआ?
पेपर लीक के पुख्ता सबूत मिलने और बिहार-राजस्थान में पकड़े गए सॉल्वर गैंग के बाद परीक्षा की निष्पक्षता बनाए रखने के लिए इसे रद्द किया गया है।
2. अब दोबारा परीक्षा कब होगी?
NTA जल्द ही री-एग्जाम की नई तारीखों का ऐलान अपनी आधिकारिक वेबसाइट पर करेगा। छात्रों को सलाह दी जाती है कि वे अपडेट्स चेक करते रहें।
3. क्या मुझे दोबारा फीस देनी होगी?
नहीं, जो छात्र 3 मई की परीक्षा में बैठे थे, उन्हें दोबारा रजिस्ट्रेशन या फीस देने की जरूरत नहीं है।
4. CBI जांच में अब तक क्या मिला है?
CBI अब बिहार और राजस्थान पुलिस की फाइलों को टेकओवर कर रही है। अब तक 150 सवालों के लीक होने और 60 लाख की डील के सबूत सामने आए हैं।
5. क्या एग्जाम सेंटर बदल दिए जाएंगे?
NTA के अनुसार, परीक्षा केंद्र पुराने ही रहने की संभावना है, ताकि छात्रों को यात्रा में परेशानी न हो, हालांकि इसकी पुष्टि नए एडमिट कार्ड में होगी।
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