पैर की मांसपेशी फट गई… फिर भी नहीं रुकी! आखिर किस जुनून ने इस मॉडल को दर्द में भी रैंप पर उतार दिया?
Reported by: News Desk | Edited by: आकाश शर्मा
03 जुलाई 2026, (अपडेटेड 03 जुलाई 2026, 10:29 पूर्वाह्न IST)

जयपुर | मिस राजस्थान 2026 के ग्रैंड फिनाले से ठीक पहले जयपुर में चल रहे फिनाले वीक के दौरान कई ऐसी कहानियां सामने आई हैं, जिन्होंने प्रतियोगिता को केवल एक ब्यूटी पेजेंट नहीं बल्कि संघर्ष, हिम्मत और सपनों की मिसाल बना दिया है। किसी प्रतिभागी ने गंभीर चोट के बावजूद रैंप वॉक जारी रखी तो किसी ने अपने सबसे करीबी परिजन को खोने के बाद भी प्रतियोगिता नहीं छोड़ी। इन प्रेरणादायक अनुभवों ने फिनाले से पहले प्रतियोगिता को भावनात्मक बना दिया है।

जयपुर के हैवन रिसॉर्ट में आयोजित मिस राजस्थान 2026 के फिनाले वीक में टॉप-28 फाइनलिस्ट्स को नौ दिनों का विशेष प्रशिक्षण दिया जा रहा है। प्रतियोगिता का ग्रैंड फिनाले 4 जुलाई को जयपुर के बिड़ला ऑडिटोरियम में आयोजित होगा।

दर्द में भी नहीं छोड़ा अपना सपना

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निहारिका राठौड़

प्रतियोगिता की फाइनलिस्ट निहारिका राठौड़ (21) इन दिनों अपनी दृढ़ इच्छाशक्ति के कारण चर्चा में हैं। प्रशिक्षण सत्र के दौरान उनका पैर बुरी तरह मुड़ गया, जिससे पैर की मांसपेशियां फट गईं। चिकित्सकों ने उन्हें करीब 15 दिन तक पूरी तरह आराम करने की सलाह दी थी।

इसके बावजूद निहारिका ने प्रतियोगिता छोड़ने से इनकार कर दिया। उन्होंने बताया कि यह उनके जीवन का पहला ऑडिशन था और पहली ही कोशिश में उन्हें मिस राजस्थान के मंच तक पहुंचने का अवसर मिला। ऐसे में वे अपने बचपन के सपने को अधूरा नहीं छोड़ना चाहती थीं।

निहारिका के अनुसार वे दर्द कम करने वाली दवाओं (पेनकिलर्स) के सहारे प्रशिक्षण ले रही हैं और लगातार रैंप वॉक भी कर रही हैं। उन्होंने प्लास्टर भी नहीं चढ़वाया क्योंकि लगातार चलने-फिरने से उसके टूटने की आशंका थी। उनका कहना है कि उन्हें विश्वास है कि यह अवसर उन्हें किसी विशेष उद्देश्य से मिला है और वे इसे हर हाल में पूरा करना चाहती हैं।

फिनाले से पहले नाना का निधन, फिर भी लौटीं मंच पर

प्रज्ञा चौधरी
प्रज्ञा चौधरी

फाइनलिस्ट प्रज्ञा चौधरी के लिए यह प्रतियोगिता भावनात्मक परीक्षा भी बन गई। प्रशिक्षण के दौरान ही उनके नाना का निधन हो गया। प्रज्ञा ने बताया कि परिवार उनके पार्थिव शरीर को प्रशिक्षण स्थल तक लेकर आया, जहां उन्होंने अंतिम दर्शन कर श्रद्धांजलि दी और उसके बाद वापस प्रशिक्षण में शामिल हो गईं।

प्रज्ञा के अनुसार, उनके नाना हमेशा कहते थे कि वे एक दिन मिस राजस्थान का खिताब जरूर जीतेंगी। वे उनकी इस अंतिम इच्छा को अधूरा नहीं छोड़ना चाहती थीं। उन्होंने यह भी बताया कि एक वर्ष पहले कैंसर के कारण उनके भाई का निधन हो गया था। अस्पताल में इलाज के दौरान उनके भाई की मुलाकात पूर्व मिस राजस्थान विजेता से हुई थी। उसी दिन भाई ने उनसे भी मिस राजस्थान का ताज जीतने का सपना देखने को कहा था। अब वे अपने भाई और नाना दोनों के सपनों को पूरा करने के इरादे से प्रतियोगिता में आगे बढ़ रही हैं।

गांव से आईं ज्योति ने तोड़े सामाजिक ताने

ज्योति चौधरी
ज्योति चौधरी

झुंझुनूं जिले के मेहरा दासी गांव की रहने वाली ज्योति चौधरी पहली बार किसी ब्यूटी पेजेंट का हिस्सा बनी हैं। उन्होंने बताया कि उनके परिवार का मॉडलिंग से कभी कोई संबंध नहीं रहा।

ज्योति के अनुसार गांव में आज भी मॉडलिंग और फैशन इंडस्ट्री को लेकर कई तरह की धारणाएं हैं। सोशल मीडिया पर भी उन्हें आलोचनाओं का सामना करना पड़ा, लेकिन उन्होंने नकारात्मक टिप्पणियों की बजाय अपने लक्ष्य पर ध्यान केंद्रित किया। वर्तमान में वे एमएससी की पढ़ाई कर रही हैं और साथ ही एसएससी सीजीएल तथा सीडीएस जैसी प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी भी कर रही हैं। उनका सपना भारतीय सेना में अधिकारी बनने का भी है।

छोटे गांव से बड़े मंच तक पहुंचीं दिव्यांशी

दिव्यांशी जांगिड़
दिव्यांशी जांगिड़

दौसा जिले के भांडारेज गांव की दिव्यांशी जांगिड़ अपने गांव की पहली युवती हैं जो मिस राजस्थान के मंच तक पहुंची हैं। उन्होंने बताया कि मॉडलिंग को लेकर रिश्तेदारों की राय अलग थी, लेकिन उनकी मां ने हर कदम पर उनका साथ दिया। दिव्यांशी का कहना है कि आज उनके गांव की कई लड़कियां उनसे प्रेरणा लेकर अपने सपनों के बारे में बात करती हैं। वे उन्हें हमेशा यही सलाह देती हैं कि सबसे पहले परिवार का विश्वास जीतें।

मां बनीं पलक शर्मा की सबसे बड़ी ताकत

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पलक शर्मा

जयपुर की पलक शर्मा ने बताया कि उनके पिता नहीं हैं और उनकी मां अकेले पूरे परिवार की जिम्मेदारी निभाती हैं।पलक ने बताया कि टॉप मॉडल राउंड के लिए उन्होंने अपनी ड्रेस स्वयं डिजाइन की। ड्रेस की स्कर्ट उन्होंने खुद तैयार की, जबकि पूरी ड्रेस को सिलने और अंतिम रूप देने में उनकी मां ने घंटों मेहनत की। उनके लिए यह ड्रेस सिर्फ फैशन नहीं बल्कि मां-बेटी की मेहनत और विश्वास का प्रतीक है।

हार्वर्ड में चयन के बाद भी चुना नया अनुभव

आस्था भूटानी
आस्था भूटानी

जयपुर की आस्था भूटानी का चयन हार्वर्ड यूनिवर्सिटी में हो चुका है और अगस्त से उनकी पढ़ाई शुरू होगी। आस्था ने बताया कि उच्च शिक्षा शुरू होने से पहले उन्होंने खुद को एक अलग मंच पर आजमाने का फैसला किया। पहली बार मॉडलिंग करने के बावजूद वे टॉप-28 फाइनलिस्ट्स में जगह बनाने में सफल रहीं। उनका मानना है कि पढ़ाई और मॉडलिंग दोनों क्षेत्रों में संतुलन बनाकर आगे बढ़ा जा सकता है।

4 जुलाई को होगा ग्रैंड फिनाले

आयोजकों के अनुसार, जयपुर के हैवन रिसॉर्ट में फाइनलिस्ट्स का प्रशिक्षण अंतिम चरण में है। सभी प्रतिभागियों को विभिन्न राउंड्स के लिए तैयार किया जा रहा है। मिस राजस्थान 2026 का ग्रैंड फिनाले 4 जुलाई को जयपुर के बिड़ला ऑडिटोरियम में आयोजित किया जाएगा, जहां विजेता का चयन होगा।


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Aakash Sharma
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